रीझो रीझो श्री वीर देखी (Hindi Lyrics) जैन पर्युषण गीत


रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;
हरखो हरखो आ मोसम आवी, पर्व पर्युषण आज
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

प्रभुजी देवे पर्षदामांहे, उत्तम शिक्षा एम;
आळसमां बहु काळ गुमाव्यो, पर्व न साधो केम
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;
सोनाना रजकण संभाळ, जेम सो ने एक चित्त;
तेथी पण आ अवसर अधिको, करो आतम पवित्त.
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

जेने माटे निशदिन रखडतो, तजी धरमना नीम;
पाप करो तो शिरपर बोजो, तो व्याजबी किम
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

कोई न लेशे भाग पापनो, धनना लेशे सर्व;
परभव जातां साथ धर्मनो, साधो आ शुभ पर्व.
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

संपीने समताए सुणो, अठ्ठाई व्याख्यान;
छक करजो श्री कल्पसूत्रनो, वार्षिक अठ्ठम जाण,
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

निशीथसूरनी चूर्णिमांहे, आलोचन वखणाय;
खमीए होंशे सर्व जीवने, जीवन निर्मळ थाय
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

उपकारी श्री प्रभुनी कीजे, पूजा अष्ट प्रकार;
चैत्य जुहारी गुरु वंदी, आवश्यक बे काळ.
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;

चोसठ प्रहरी पौषध करतां, जाय कर्म जंजाळ;
पघविजय समता रस झीले, धमें मंगळमाळ.
रीझो रीझो श्री वीर देखी, शासनना शिरताज;
Rijo Rijo Shree Veer Dekhi (Hindi Lyrics) Jain Paryushan Stavan
Rijo Rijo Shree Veer Dekhi (Hindi Lyrics) Jain Paryushan Stavan

Comments